राहुल गांधी का सत्याग्रह कैंपेन, कहा- समस्याएं भेजें:अकेले लड़ने वालों की आवाज दब जाती है; महात्मा गांधी ने भी यही तरीका अपनाया था
राहुल गांधी ने शनिवार को सत्याग्रह कैंपेन शुरू किया है। उन्होंने कहा कि जो भी लोग अन्याय के खिलाफ लड़ रहे हैं, वे अपनी कहानी भेजें। मैं नेता विपक्ष के रूप में संसद से लेकर सड़क तक आपके साथ खड़ा हूं। राहुल ने X पर लिखा- देशभर में लोग अपने हक के लिए लड़ रहे हैं और अक्सर अकेले लड़ रहे हैं। जेन-जी, छात्र, किसान, आदिवासी, दलित, महिलाएं। हर संघर्ष की अपनी कहानी है। पर जो आवाज अकेली उठती है, वो अक्सर दब जाती है। राहुल ने लिखा- सत्याग्रह इन्हीं आवाजों को एक साथ लाने की पहल है। बापू ने यही सिखाया था - सच सबसे बड़ा हथियार है। पर उससे भी बड़ा हथियार है, एकता में सच के साथ खड़े होना। अगर आप भी किसी अन्याय से लड़ रहे हैं - अपनी कहानी भेजिए। दो मिनट लगेंगे। राहुल के इस कैंपेन का नाम महात्मा गांधी के ‘सत्याग्रह’ से जुड़ा है। आजादी की लड़ाई के दौरान गांधीजी ने भी यही तरीका अपनाया था। गांधी हेरिटेज पोर्टल के मुताबिक, उस समय लोगों ने गांधीजी को जमीन, संपत्ति, जेल और अन्याय से जुड़े मामलों की जानकारी भेजी थी। गांधीजी को भेजे गए 8,500 से ज्यादा लेटर आज भी मौजूद हैं। हालांकि, वास्तविक सं...